असदुद्दीन ओवैसी ने नितिन गडकरी को कहा शुक्रिया, यूपी सरकार पर साधा निशाना
असदुद्दीन ओवैसी
असदुद्दीन ओवैसी: ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने रविवार, 20 सितंबर को कानपुर में केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को धन्यवाद दिया। असदुद्दीन ओवैसी ने एक मुलाकात का जिक्र करते हुए बताया कि बिहार में जीतने वाले उनकी पार्टी के पांच विधायक नितिन गडकरी से मिले थे। उनके मुताबिक, गडकरी ने करीब 45 मिनट तक पांचों विधायकों की बातें सुनीं और उनके क्षेत्र से जुड़े पुल और अंडरपास के मुद्दों पर चर्चा की।
असदुद्दीन ओवैसी ने बताया गडकरी से मुलाकात का किस्सा
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि उन्होंने नितिन गडकरी से संबंधित कामों को मंजूरी देने के लिए फोन करने का अनुरोध किया था। ओवैसी के मुताबिक, गडकरी ने वहीं से फोन कर काम जल्द शुरू करने को कहा। ओवैसी ने इसी के लिए केंद्रीय मंत्री का शुक्रिया अदा किया। यह बयान ऐसे समय आया है जब AIMIM उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर अपनी राजनीतिक गतिविधियां बढ़ा रही है।
असदुद्दीन ओवैसी ने यूपी सरकार पर लगाए कई आरोप
कानपुर में असदुद्दीन ओवैसी ने उत्तर प्रदेश की बीजेपी सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि सरकार ने अपने वादे पूरे नहीं किए और शासन व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठाए। ओवैसी ने गरीबों की जमीन छीने जाने का आरोप लगाया और बिजली को बड़ा मुद्दा बताया। उन्होंने कहा कि यूपी का अगला विधानसभा चुनाव पिछले चुनावों से अलग और चुनौतीपूर्ण होगा। ये बातें ओवैसी के राजनीतिक बयान और आरोप हैं।
असदुद्दीन ओवैसी ने राम मंदिर SIT रिपोर्ट पर उठाया सवाल
असदुद्दीन ओवैसी ने राम मंदिर से जुड़े कथित हेराफेरी मामले की SIT रिपोर्ट को सार्वजनिक किए जाने को लेकर भी सवाल उठाया। उन्होंने पूछा कि सरकार रिपोर्ट को जनता के सामने क्यों नहीं ला रही है और संबंधित लोगों को जमानत कैसे मिल रही है। ओवैसी ने कहा कि यह मुद्दा भी उत्तर प्रदेश के आगामी चुनाव में चर्चा का विषय बनेगा। इन बयानों को उनके कानपुर संबोधन के हिस्से के तौर पर रिपोर्ट किया गया है।
असदुद्दीन ओवैसी का आगामी यूपी चुनाव को लेकर संदेश
असदुद्दीन ओवैसी ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव 2014, 2017, 2019 या 2022 के चुनावों जैसा नहीं होगा। उन्होंने बीजेपी और समाजवादी पार्टी, दोनों के शासन को लेकर अपनी टिप्पणियां कीं और कानून-व्यवस्था से जुड़े सवाल उठाए। कानपुर में उनका यह संबोधन 2027 उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों की तैयारियों के बीच हुआ है। AIMIM की ओर से यूपी में आगे भी जनसभाएं आयोजित किए जाने की जानकारी सामने आई है।
