नंदीग्राम उपचुनाव 2026: मिलन प्रधान की अंतरिम जमानत के खिलाफ SC पहुंची बंगाल सरकार, सोमवार को सुनवाई
नंदीग्राम उपचुनाव 2026
पश्चिम बंगाल के नंदीग्राम उपचुनाव 2026 से जुड़ा मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। राज्य सरकार ने कांग्रेस उम्मीदवार मिलन प्रधान को मिली अंतरिम जमानत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की है। सॉलिसिटर जनरल ने कोर्ट से इस मामले पर जल्द सुनवाई का अनुरोध किया था। उन्होंने कहा कि मिलन प्रधान हत्या के मामले में गिरफ्तार किए गए हैं और उन्हें चुनाव लड़ने के आधार पर हाई कोर्ट से अंतरिम जमानत मिली है। हालांकि, चीफ जस्टिस सूर्य कांत ने बुधवार को ही सुनवाई करने से इनकार कर दिया।
चीफ जस्टिस ने सोमवार को सुनवाई की बात कही
सॉलिसिटर जनरल ने नंदीग्राम उपचुनाव 2026 को देखते हुए मामले की तत्काल सुनवाई का अनुरोध किया। इस पर चीफ जस्टिस सूर्य कांत ने कहा कि गुरुवार को कई मामले पहले से सूचीबद्ध हैं। उन्होंने कहा कि याचिका पर सुनवाई सोमवार को की जाएगी। चीफ जस्टिस की इस टिप्पणी के बाद अब मिलन प्रधान की अंतरिम जमानत से जुड़े मामले पर सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को सुनवाई होगी। राज्य सरकार की ओर से जमानत के खिलाफ दलीलें रखी जाएंगी।
20 अक्टूबर तक मिली है मिलन प्रधान को अंतरिम जमानत
कलकत्ता हाई कोर्ट ने मंगलवार को मिलन प्रधान को 20 अक्टूबर तक अंतरिम जमानत दी थी। कोर्ट ने उन्हें नंदीग्राम उपचुनाव 2026 के लिए 6 अक्टूबर को होने वाले मतदान से पहले प्रचार करने की अनुमति भी दी है। साथ ही हाई कोर्ट ने उन्हें 21 अक्टूबर को निचली अदालत के सामने आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया है। राज्य सरकार ने इसी अंतरिम जमानत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है।
किन मामलों में गिरफ्तार हुए हैं कांग्रेस उम्मीदवार?
दिए गए विवरण के मुताबिक मिलन प्रधान के खिलाफ हत्या, हत्या के प्रयास और शस्त्र अधिनियम के प्रावधानों के उल्लंघन से जुड़े आपराधिक मामले दर्ज हैं। ये मामले साल 2007 में नंदीग्राम में भूमि अधिग्रहण के विरोध में चले आंदोलन के दौरान दर्ज किए गए थे। राज्य सरकार की ओर से सुप्रीम कोर्ट में इसी आपराधिक मामले और चुनाव लड़ने के लिए दी गई अंतरिम जमानत को लेकर जल्द सुनवाई की मांग की गई है।
6 अक्टूबर को होगा नंदीग्राम उपचुनाव
नंदीग्राम उपचुनाव 2026 के लिए मतदान 6 अक्टूबर को होना है। नंदीग्राम सीट मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के इस्तीफे के बाद खाली हुई है। विधानसभा चुनाव में उन्होंने भवानीपुर और नंदीग्राम दोनों सीटों से चुनाव लड़ा था और दोनों पर जीत दर्ज की थी, लेकिन बाद में भवानीपुर सीट बरकरार रखने का फैसला किया। इसी बीच मिलन प्रधान की गिरफ्तारी पश्चिम बंगाल की पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नंदीग्राम सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार को समर्थन देने के ऐलान के कुछ घंटे बाद हुई थी। अब उनकी अंतरिम जमानत का मामला सुप्रीम कोर्ट में सोमवार को सुना जाएगा।
