Noida Murder Case: प्रेमिका की हत्या छिपाने के लिए शव नहर में फेंका, पत्नी को धमकी देना पड़ा भारी
Noida Murder Case
Noida Murder Case: नोएडा के सेक्टर-66 मामूरा में हुई महिला की हत्या का पुलिस ने 27 दिन बाद खुलासा कर दिया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने हत्या के बाद शव को नहर में फेंककर अपना ठिकाना बदल लिया था। उसे लगा था कि हत्या का राज हमेशा के लिए छिप जाएगा, लेकिन पत्नी को की गई एक फोन कॉल ने पूरा मामला पलट दिया। आरोपी ने शराब के नशे में अपनी पत्नी को फोन कर तलाक का मुकदमा वापस लेने और दोबारा साथ रहने का दबाव बनाया। साथ ही धमकी दी कि अगर वह साथ नहीं आई तो उसे भी उसी जगह भेज दिया जाएगा, जहां दूसरी महिला गई है। इसके बाद पत्नी ने पुलिस से शिकायत की।
27 जुलाई को हुई थी महिला की हत्या
पुलिस के अनुसार, 27 जुलाई को मामूरा में रहने वाली 38 वर्षीय महिला की हत्या की गई थी। आरोपी की पहचान फिरोजाबाद के एका थाना क्षेत्र निवासी 32 वर्षीय सुभाष चंद्र के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसे साथ रहने वाली महिला के किसी अन्य व्यक्ति से अवैध संबंध होने का शक था। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ। विवाद बढ़ने पर सुभाष ने महिला का गला दबा दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद उसने अपने चचेरे भाई सर्वेंद्र और जीजा के भाई नीरज को बुलाया और शव को ठिकाने लगाने की योजना बनाई।
बाइक पर शव को बैठाकर निकले, फिर नहर में फेंका
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने शव को इस तरह बाइक के बीच में बैठाया कि रास्ते में देखने वालों को लगे कि कोई बीमार व्यक्ति जा रहा है। इसके बाद शव को पिकअप वाहन में रखा गया और तीनों उसे दादरी के पास नहर में फेंक आए। घटना के बाद सुभाष ने अपना किराये का कमरा खाली कर दिया और फिरोजाबाद चला गया। हालांकि, महिला का शव 31 जुलाई को मथुरा के सुरीर थाना क्षेत्र में जरारा और रसिकंदरपुर गांव के पास नहर से बरामद हुआ। पुलिस शव की पहचान कराने में जुटी थी।
पत्नी की शिकायत ने पुलिस को दिया अहम सुराग
सुभाष की पहली पत्नी कांति देवी ने पुलिस को बताया कि उसकी शादी वर्ष 2013 में हुई थी। शादी के करीब दो साल बाद सुभाष ने उसे छोड़ दिया और दूसरी महिला के साथ रहने लगा। वर्ष 2021 में कांति देवी ने तलाक के लिए एटा कोर्ट में मुकदमा दायर किया था। हत्या के बाद सुभाष ने उसे फोन कर पहले साथ रहने की बात कही और फिर मुकदमा वापस लेने का दबाव बनाया। धमकी मिलने के बाद कांति देवी 20 अगस्त को फेज-3 थाने पहुंची। उसकी शिकायत पुलिस जांच में अहम सुराग साबित हुई।
हत्या के आरोप में तीन आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में मुख्य आरोपी सुभाष चंद्र के साथ शव ठिकाने लगाने में मदद करने वाले उसके चचेरे भाई सर्वेंद्र और जीजा के भाई नीरज को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस का कहना है कि महिला की हत्या के बाद आरोपियों ने शव को नहर में फेंककर सबूत छिपाने की कोशिश की थी। करीब 27 दिन बाद पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। अब पुलिस हत्या की वजह, घटनाक्रम और आरोपियों की भूमिका से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है
