Great Nicobar Project: ग्रेट निकोबार विकास परियोजना को लेकर देश की राजनीति में एक बार फिर गरमाहट आ गई है। लोकसभा में विपक्ष के नेता Rahul Gandhi द्वारा इस परियोजना पर उठाए गए सवालों के बाद Bharatiya Janata Party ने तीखा पलटवार किया है। बीजेपी का कहना है कि राहुल गांधी भारत के बढ़ते भू-राजनीतिक प्रभाव और विकास योजनाओं से असहज हैं। पार्टी प्रवक्ता तुहिन सिन्हा ने कहा कि यह परियोजना देश की रणनीतिक जरूरतों से जुड़ी हुई है और इसे राजनीतिक नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष लगातार राष्ट्रीय महत्व की परियोजनाओं को गलत तरीके से प्रस्तुत करता है और विकास के मुद्दे पर भ्रम फैलाने की कोशिश करता है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर 16 मिनट से अधिक का वीडियो जारी कर केंद्र सरकार पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने दावा किया कि ग्रेट निकोबार परियोजना केवल रक्षा या बंदरगाह विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके पीछे बड़े कारोबारी हित जुड़े हो सकते हैं। राहुल गांधी ने यह भी कहा कि इस परियोजना से द्वीप के पर्यावरण और वहां रहने वाले आदिवासी समुदायों पर गंभीर असर पड़ सकता है। उनका आरोप है कि परियोजना के नाम पर नाजुक पारिस्थितिक तंत्र को नुकसान पहुंचाने का खतरा है। वहीं, सरकार का पक्ष है कि यह योजना दीर्घकालिक विकास और समुद्री व्यापार को मजबूत करने के लिए बेहद अहम है।
बीजेपी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि ग्रेट निकोबार परियोजना का ऐतिहासिक और रणनीतिक महत्व है, जिसकी कल्पना 1970 के दशक में की गई थी। पार्टी के अनुसार यह परियोजना हिंद महासागर क्षेत्र में भारत की उपस्थिति को मजबूत करेगी और मलक्का जलडमरूमध्य जैसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग के करीब भारत की स्थिति को रणनीतिक लाभ देगी। सरकार का कहना है कि परियोजना के तहत पर्यावरणीय मानकों और जनजातीय हितों का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। वहीं बीजेपी ने कांग्रेस पर आरोप लगाया कि वह दशकों से ऐसी परियोजनाओं को लागू करने में विफल रही है और अब विकास विरोधी रुख अपना रही है। इस मुद्दे पर राजनीतिक टकराव और तेज होने की संभावना है।