रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि आधुनिक दौर में युद्ध का स्वरूप पूरी तरह बदल चुका है और भविष्य की लड़ाइयों में केवल सैनिक और पारंपरिक हथियार ही निर्णायक नहीं होंगे। हैदराबाद स्थित एयर फोर्स अकादमी में 217वें कोर्स की संयुक्त स्नातक परेड (CGP) को संबोधित करते हुए उन्होंने भारतीय वायुसेना के नए अधिकारियों को “AAA” यानी Adapt, Adopt और Amend का मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि आज ड्रोन, सैटेलाइट, सेंसर, रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और साइबर तकनीकें युद्ध का नया चेहरा बन चुकी हैं। ऐसे में सैन्य अधिकारियों को बदलती परिस्थितियों के अनुसार खुद को ढालना, नई तकनीकों को अपनाना और आवश्यकता पड़ने पर अपनी रणनीतियों में बदलाव करना सीखना होगा। राजनाथ सिंह ने कहा कि भविष्य में वही सेनाएं सफल होंगी जो तकनीकी बदलावों को सबसे तेजी से समझकर उनका प्रभावी उपयोग करेंगी।
रक्षा मंत्री ने प्रशिक्षण पूरा करने वाले कैडेट्स को बधाई देते हुए कहा कि उनका प्रशिक्षण भले ही समाप्त हो गया हो, लेकिन असली जिम्मेदारी अब शुरू होने जा रही है। उन्होंने भारतीय वायुसेना को देश की सुरक्षा की “ढाल और तलवार” बताते हुए कहा कि यह केवल एक नौकरी नहीं बल्कि राष्ट्र सेवा का सर्वोच्च दायित्व है। अपने संबोधन में उन्होंने भारतीय वायुसेना के गौरवशाली इतिहास का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 1947-48 के कश्मीर युद्ध के दौरान श्रीनगर एयरलिफ्ट ने युद्ध की दिशा बदल दी थी, जबकि 1971 के भारत-पाकिस्तान युद्ध में ढाका पर किए गए निर्णायक हवाई हमलों ने इतिहास रच दिया था। उन्होंने नए अधिकारियों से इस गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाने का आह्वान किया।
राजनाथ सिंह ने हालिया ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए भारतीय वायुसेना की रणनीतिक क्षमता और सटीक कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि आतंकवादी ठिकानों को निशाना बनाने में वायुसेना ने अत्यंत प्रभावी भूमिका निभाई। रक्षा मंत्री ने चेतावनी दी कि भविष्य में दुश्मन केवल सीमाओं पर हमला नहीं करेगा, बल्कि साइबर माध्यमों से ट्रैफिक सिस्टम, संचार नेटवर्क और निगरानी प्रणालियों को भी निशाना बना सकता है। इसलिए नई पीढ़ी के सैन्य अधिकारियों को पारंपरिक युद्ध के साथ-साथ तकनीकी और साइबर युद्ध की भी गहरी समझ विकसित करनी होगी। उन्होंने विश्वास जताया कि एयर फोर्स अकादमी में प्राप्त प्रशिक्षण नए अधिकारियों को हर प्रकार की चुनौती का सामना करने के लिए सक्षम बनाएगा।