प्रेमानंद महाराज: रसिक दुलारी के नए CCTV के बाद आश्रम को लेकर फलाहारी महाराज के दावे
प्रेमानंद महाराज
उत्तर प्रदेश के मथुरा में प्रेमानंद महाराज के शिष्य रसिक दुलारी की मौत से जुड़ा एक नया CCTV वीडियो सामने आया है। वीडियो में रसिक दुलारी सीढ़ियों के रास्ते छत की ओर जाते हुए दिखाई दे रहे हैं। बताया जा रहा है कि यह फुटेज उस घटना से कुछ देर पहले का है, जब 25 सितंबर को वृंदावन में एक चार मंजिला इमारत से कूदने के बाद उनकी मौत हो गई थी। सामने आए इस CCTV वीडियो ने मामले को लेकर एक बार फिर चर्चा बढ़ा दी है।
प्रेमानंद महाराज के आश्रम को लेकर सामने आए गंभीर दावे
इसी बीच प्रेमानंद महाराज की सुरक्षा को लेकर मुख्यमंत्री को पत्र लिखे जाने के बाद फलाहारी महाराज के बयान से भी हलचल मची हुई है। फलाहारी महाराज ने दावा किया कि आश्रम में दो गुट हैं—एक असली संतों का और दूसरा नकली संतों का। उनका आरोप है कि केलिकुंज आश्रम से जुड़े कथित भूमाफिया गुट की गतिविधियों से आहत होकर प्रेमानंद महाराज बेलवन आश्रम चले गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि संपत्ति के कारोबार से जुड़े कुछ संतों की गतिविधियों से प्रेमानंद महाराज दुखी हैं।
केलिकुंज आश्रम को लेकर फलाहारी महाराज ने क्या कहा?
फलाहारी महाराज ने आरोप लगाया कि केलिकुंज आश्रम में कुछ आपराधिक प्रवृत्ति के लोग छिपे हुए हैं और उन्होंने प्रेमानंद महाराज की आड़ में 14 आश्रम बना लिए हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि केलिकुंज आश्रम से जुड़े गुट से बच्चे गायब हो रहे हैं। फलाहारी महाराज ने आशंका जताई कि कथित किडनी चोरी करने वाला माफिया भी बच्चों को निशाना बना सकता है। हालांकि, ये सभी बातें फलाहारी महाराज की ओर से लगाए गए आरोप और आशंकाएं हैं।
प्रेमानंद महाराज की जान को खतरा होने का दावा
फलाहारी महाराज ने दावा किया कि दूसरे गुट से जुड़े कुछ कथित भूमाफिया संतों की वजह से प्रेमानंद महाराज की जान को खतरा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि प्रेमानंद महाराज की छवि धूमिल करने में इन लोगों की भूमिका है। फलाहारी महाराज के मुताबिक, संपत्ति को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद की स्थिति बनी हुई है और इसी वजह से प्रेमानंद महाराज से जुड़े मामले को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
प्रेमानंद महाराज की सुरक्षा को लेकर संतों के बेलवन पहुंचने का दावा
फलाहारी महाराज ने कहा कि प्रेमानंद महाराज के साथ सभी तपस्वी संत बेलवन आश्रम पहुंच गए हैं। उन्होंने प्रेमानंद महाराज की सुरक्षा को देशहित में जरूरी बताया। वहीं, रसिक दुलारी से जुड़े नए CCTV वीडियो और आश्रम को लेकर सामने आए इन दावों के बाद मामला चर्चा में है। फिलहाल, फलाहारी महाराज द्वारा लगाए गए आरोपों और आशंकाओं को स्वतंत्र रूप से साबित करने वाली कोई जानकारी दिए गए डेटा में मौजूद नहीं है।
