January 24, 2026

ऑपरेशन सिंदूर: भारत की ऐतिहासिक जीत

भारत ने हाल ही में ऑपरेशन सिंदूर के माध्यम से विश्व मंच पर अपनी सैन्य शक्ति और दृढ़ संकल्प का परिचय दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय सेना ने पाकिस्तान की सीमा में गहराई तक घुसकर आतंकी ठिकानों को ध्वस्त किया है। यह कार्रवाई न केवल भारत की सामरिक ताकत को दर्शाती है, बल्कि यह भी सिद्ध करती है कि नया भारत आतंकवाद के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर अडिग है।

पाकिस्तान में आतंकी ठिकानों पर सटीक हमला
भाजपा के प्रवक्ता और सांसद डॉ. संबित पात्रा ने दिल्ली में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऑपरेशन सिंदूर को भारत की ऐतिहासिक सैन्य कार्रवाई बताया। उन्होंने कहा, “पाकिस्तान में बहुत अंदर तक घुसकर हमला करना और उनके आतंकी शिविरों को नष्ट करना… यह नया भारत है। हम उनके अपने पिछवाड़े में हमला करते हैं।” भारतीय सेना ने रविवार को जानकारी दी कि इस ऑपरेशन में कम से कम 100 आतंकियों को ढेर किया गया। ये आतंकी शिविर वही थे, जहां से आईसी-814, 26/11 और पुलवामा जैसे आतंकी हमलों की साजिशें रची गई थीं।

डॉ. पात्रा ने बताया कि भारत ने पाकिस्तान के अंदर नौ प्रमुख आतंकी ठिकानों को पूरी तरह नष्ट कर दिया। बहावलपुर स्थित जैश-ए-मोहम्मद के मुख्यालय पर भी सटीक हमला किया गया। उन्होंने कहा, “पाकिस्तान ने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि भारत 100 किलोमीटर अंदर तक घुसकर वार करेगा। अब पाकिस्तान का हर इंच भारत की पहुंच में है।”

सिंधु जल संधि का निलंबन: आर्थिक प्रहार
ऑपरेशन सिंदूर केवल सैन्य कार्रवाई तक सीमित नहीं था। प्रधानमंत्री मोदी ने एक और ऐतिहासिक कदम उठाते हुए सिंधु जल संधि को निलंबित करने का फैसला लिया। डॉ. पात्रा ने इस कदम की सराहना करते हुए कहा, “50 साल में किसी ने इस समझौते को छुआ तक नहीं, लेकिन पीएम मोदी ने इसे रोकने का साहसिक निर्णय लिया। इससे पाकिस्तान की जीडीपी पर सीधा असर पड़ेगा।” इस निर्णय ने पाकिस्तान को पानी की ताकत से भी घेर लिया है, जिससे उसकी आर्थिक स्थिति पर गहरा प्रभाव पड़ेगा।

नया भारत, नई नीति
डॉ. पात्रा ने दोनों देशों के बीच मौजूदा स्थिति को स्पष्ट करते हुए कहा, “यह युद्धविराम नहीं, बल्कि एक आपसी समझ है। जैसे ही पाकिस्तान एक और आतंकी हमला करेगा, हम उस समझ को खत्म कर देंगे।” यह बयान भारत की कठोर नीति और आतंकवाद के प्रति असहिष्णुता को दर्शाता है। ऑपरेशन सिंदूर ने यह साफ कर दिया है कि भारत अब न केवल जवाब देता है, बल्कि आतंकवाद को उसकी जड़ों में खत्म करने के लिए सक्रिय कदम उठाता है।

भारत की वैश्विक छवि
ऑपरेशन सिंदूर ने भारत को एक ऐसी शक्ति के रूप में स्थापित किया है, जो न केवल अपनी सीमाओं की रक्षा करने में सक्षम है, बल्कि वैश्विक आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई करने में भी अग्रणी है। डॉ. पात्रा ने दावा किया कि यह पहली बार है जब किसी देश ने एक परमाणु हथियार संपन्न राष्ट्र की सीमा में इतनी गहराई तक घुसपैठ की है। यह उपलब्धि भारत की सैन्य और कूटनीतिक ताकत का प्रतीक है।

अंत में, ऑपरेशन सिंदूर भारत के लिए एक मील का पत्थर है। यह न केवल आतंकवाद के खिलाफ भारत की जीत है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत एक सशक्त, आत्मविश्वासी और वैश्विक शक्ति के रूप में उभर रहा है।

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