CJP Protest in Delhi 2026: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन से पहले सुरक्षा कड़ी, 20 हजार से ज्यादा जवान तैनात
CJP Protest in Delhi 2026
CJP Protest in Delhi 2026 से पहले दिल्ली में सुरक्षा कड़ी। जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं, 20 हजार से ज्यादा पुलिस और अर्धसैनिक बल तैनात।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की अनुमति नहीं
दिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रस्तावित कॉकरेच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। दिल्ली पुलिस के अनुसार, जंतर-मंतर पर होने वाले इस प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी गई है। इसके बावजूद प्रदर्शन को लेकर मिले खुफिया इनपुट के बाद पुलिस ने एहतियाती कदम उठाए हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए दिल्ली में 20 हजार से अधिक पुलिस और अर्धसैनिक बलों के जवान तैनात किए गए हैं। संबंधित इलाकों में निषेधाज्ञा भी लागू है।
दिल्ली में 20 हजार से ज्यादा जवान तैनात
CJP Protest in Delhi 2026 को देखते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक, शनिवार को शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह तैयार है। खुफिया विभाग से मिले इनपुट के अनुसार, प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की आशंका है। ऐसे में जंतर-मंतर तक बिना अनुमति किसी भी जमावड़े को पहुंचने से रोकने के लिए सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। पुलिस का कहना है कि इस व्यवस्था का मकसद शांति बनाए रखना और लोगों के साथ यातायात की आवाजाही को सुचारू रखना है।
CJP Protest को लेकर पुलिस की लोगों से अपील
दिल्ली पुलिस ने लोगों से बिना अनुमति होने वाले प्रदर्शन या जमावड़े में शामिल नहीं होने की अपील की है। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों और आम लोगों को हिंसा से दूर रहने की सलाह दी है। साथ ही, ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों पर हमला नहीं करने की चेतावनी भी दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, ऐसा करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई हो सकती है। महिला प्रदर्शनकारियों से निपटने के लिए जवानों को विशेष निर्देश दिए गए हैं और अनावश्यक टकराव से बचने को कहा गया है। सुरक्षा बलों के बीच बेहतर तालमेल के लिए रोजाना ब्रीफिंग भी की जा रही है।
ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन
कॉकरेच जनता पार्टी और कुछ छात्र संगठन मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। इन संगठनों का आरोप है कि विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR के नाम पर देशभर में लाखों मतदाताओं के नाम हटाए गए हैं। हालांकि, ये संगठन के आरोप हैं और इनकी स्वतंत्र पुष्टि अलग विषय है। इसी बीच पुलिस ने सोशल मीडिया पर फैल रही अपुष्ट सूचनाओं से बचने की सलाह दी है। लोगों से दिल्ली पुलिस के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल और सत्यापित माध्यमों से मिली जानकारी पर ही भरोसा करने को कहा गया है।
दिल्ली में 9 और 10 अक्टूबर को शराब की दुकानें बंद
CJP Protest in Delhi 2026 के मद्देनजर दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग ने 9 और 10 अक्टूबर को सभी खुदरा शराब की दुकानें बंद रखने का आदेश जारी किया है। यह फैसला शहर में शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती कदम के तौर पर लिया गया है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और आधिकारिक जानकारी के आधार पर ही अपनी योजना बनाएं। 10 अक्टूबर को प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
